Aaj ka Panchang 8 July 2022 (Friday) In Hindi: 08 जुलाई 2022 का पंचांग

08 जुलाई 2022 Panchang in Hindi: Aaj Ka Panchang 8 July 2022:

ज्योतिष में पंचांग (Aaj ka panchang) का बहुत महत्व है। पंचांग ज्योतिष के पांच भागों का योग है। जिसमें तिथि, वार, कर्ण, योग और नक्षत्र का उल्लेख है। इसकी मदद से हम दिन की हर बेला के शुभ और अशुभ समय का पता लगाते हैं। इसके आधार पर वे अपने विशेष कर्मों का संकेत देते हैं। आज 8 जुलाई 2022 को शुक्रवार है। आषाढ़ मास की शुक्ल पक्ष की नवमी शाम 06:25 बजे तक उसके बाद दशमी है। सूर्य मिथुन राशि पर है, योग-सिद्ध, कर्ण-कौलव और तैतिल आषाढ़ मास में आज का दिन बहुत ही शुभ है।

Aaj ka Panchang
Aaj ka Panchang 8 July 2022

Aaj Ka Panchang 08 July 2022 (आज 08 जुलाई का पंचांग)

विक्रम संवत: 2079, राक्षसशक सम्वत: 1944, शुभकृत्पूर्णिमांत: आषाढ़अमांत: आषाढ़

विनायक चतुर्थी शुभ मुहूर्त 2022

आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि 08 जुलाई शनिवार को अपराह्न 08:16 से प्रारंभ हो रही है। चतुर्थी तिथि रविवार 08 जुलाई को सायं 05:06 बजे समाप्त होगी। इस दौरान गणेश पूजा का शुभ मुहूर्त 08 जुलाई को प्रातः 08:54 से रात्रि 10:88 बजे तक रहेगा। इस बीच आप दोपहर को छोड़कर कभी भी गणपति जी की पूजा कर सकते हैं।

Aaj ki Tithi 08 July 2022 (आज 08 जुलाई की तिथि):

तिथि नवमी – 18:26:46 तकनक्षत्र चित्रा – 12:14:17 तककरण बालव – 07:03:44 तककरण कौलव – 18:26:46 तकयोग शिव – 09:00:49 तकपक्ष- शुक्लवार- शुक्रवार

सूर्योदय-सूर्यास्त और चंद्रोदय-चंद्रास्त का समय

सूर्योदय- 05:29:23 सूर्यास्त- 19:22:32 चन्द्रोदय- 13:39:00चन्द्रास्त- 25:07:59

Aaj ka Shubh Muhurat Samay 08 July 2022 (आज 08 जुलाई शुभ मुहूर्त का समय):

शुभ मुहूर्त/अशुभ मुहूर्त 08 July 2022 Panchang: हिंदू धर्म में किसी भी धार्मिक और मांगलिक कार्य से पहले शुभ मुहूर्त देखा जाता है। ज्योतिष के अनुसार कुल मिलाकर 80 मुहूर्त होते हैं जिसमें से 15 शुभ मुहूर्त और 15 अशुभ मुहूर्त माने जाते हैं जोकि सुबह 6:00 बजे से शुरू हो जाते हैं औऱ शुभ मुहूर्त में श्‍वेत, मित्र, सारभट, सावित्र, वैराज, विश्वावसु, अभिजीत, रोहिण, बल, विजय, नैरऋत, वरुण सौम्य और भग यह आते हैं।

अभिजीत मुहूर्त – 11:58 AM – 12:53 PM
अमृत काल – 05:51 AM – 07:27 AM
अमृत काल – 02:55 AM – 04:27 AM
ब्रह्म मुहूर्त – 03:57 AM – 04:45 AM

दिशाशूल: दिशाशूल का अर्थ है संबंधित दिशा में बाधा और कष्ट प्राप्त होना। रविवार और शुक्रवार को पश्चिम दिशा की यात्रा वर्जित मानी गई है। इस दिन पश्चिम दिशा में दिशा शूल रहता है। उपाय : रविवार को दलिया, घी या पान खाकर और शुक्रवार को जौ या राईं खाकर घर से बाहर निकलें।

आज का विशेष उपाय: शुक्रवार की रात को अष्ट लक्ष्मी का पूजन करना चाहिए। उनके समक्ष अगरबत्ती जलाएं और गुलाब के फूल अर्पित करें। मां अष्ट लक्ष्मी को लाल माला चढ़ानी शुभ होती है। यदि आप धन की समस्या से जूझ रहे हैं तो शुक्रवार की रात को ‘ऐं ह्रीं श्रीं अष्टलक्ष्मीयै ह्रीं सिद्धये मम गृहे आगच्छागच्छ नम: स्वाहा’ मंत्र का जाप 108 बार करें।

error: Content is protected !!