ग्रीन टी क्या है, ग्रीन टी बनाने की विधि, और ग्रीन टी के फायदे

ग्रीन टी क्या है, ग्रीन टी बनाने की विधि, और ग्रीन टी के फायदे

नमस्कार, आप सभी का BajiyaNews.com पर हार्दिक स्वागत है इस पोस्ट में ग्रीन टी क्या है, ग्रीन टी बनाने की विधि, ग्रीन टी के फायदे आदि से संबंधित सम्पूर्ण जानकारी उपलब्ध करवाई गई है |

ग्रीन टी क्या है

ग्रीन टी (Green Tea) के सेवन से आपके शरीर का प्रतिरक्षा तंत्र मजबूत होता है, पाचन शक्ति मजबूत होती है, इससे स्मरण शक्ति में वृद्धि होती है, आपकी त्वचा सुंदर एवं कोमल हो जाती है इसके साथ-साथ ग्रीन टी आपका वजन भी कम करती है। इसके अलावा इसके सेवन दिल के रोग तथा अनियमित रक्तचाप, किडनी के रोग, दांतों का सड़न आदि में भी फायदा पहुंचता है। लेकिन यदि इसका सेवन अधिक मात्र में करने पर यह आपको हानि भी पहुंचा सकती है। वैसे तो ग्रीन टी में कम मात्र में कैफीन होता है परंतु इसके अत्यधिक सेवन से अनिन्द्र, चिड़चिड़ापन तथा शरीर में आइरन की कमी जैसी बीमारी हो सकती है। अतः दिन में केवल 2-3 कप ही ग्रीन टी पीना चाहिए।

 ग्रीन टी बनाने की विधि

उबलते पानी में ग्रीन टी कभी ना डालें। इससे एसिडिटी की समस्या हो सकती है। ग्रीन टी बनाने के लिए सबसे पहले पानी उबाल लें, फिर आंच से उतारकर उसमें ग्रीन टी की पत्तियां या टी बैग डालकर ढंक दें। दो मिनट बाद इसे छान लें या टी बैग अलग करें।

ग्रीन टी के फायदे है

1.वज़न कम करे – यदि एक्सरसाइज़ और वर्कआउट से आपका वज़न कम नहीं हो रहा, तो आप ग्रीन टी पीना शुरू करें। ग्रीन टी एंटी-ऑक्सीडेंट्स होने की वजह से बॉडी के फैट को खत्म करती है। एक स्टडी के अनुसार, ग्रीन टी बॉडी के वज़न को स्थिर रखती है। ग्रीन टी से फैट ही नहीं, बल्कि मेटाबॉलिज्म भी स्ट्रॉन्ग रहता है और डाइजेस्टिव सिस्टम की परेशानियां भी खत्म होती हैं।

2- स्ट्रेस को कम करना – स्ट्रेस में ग्रीन टी दवाई का काम करती है। चाय पीने से आपको आराम मिलता है। इसके अलावा, चाय की सूखी पत्तियों को तकिए के साइड में रखकर सोने से भी सिर दर्द कम होता है। सूखी चाय की पत्ती की महक माइंड को रिलैक्स करती है।

3- सनबर्न से बचने के लिए – यदि चेहरे पर सनस्क्रीन लगाने पर भी सनबर्न की दिक्कत खत्म नहीं होती तो आप नहाने के पानी में ग्रीन टी की पत्ती डाल लें नहाएं। इससे आपको सनबर्न से होने वाली जलन, खुजली आदि से राहत मिलेगी।

4- आंखों की सूजन को कम करने के लिए – ग्रीन टी आंखों की सूजन और थकान उतारने के लिए परफेक्ट उपाय है। इसके लिए आप बस दो टी बैग्स लीजिए और हल्के गर्म पानी में गीला करके 15 मिनट के लिए आंखों पर रखिए। इससे आपकी आंखों में होने वाली जलन और सूजन कम हो जाती है। चाय में प्राकृतिक एस्ट्रिजेंट होता है, जो आपकी आंखों की सूजन को कम करता है। टी बैग लगाने से डार्क सर्कल भी खत्म होते हैं।

5- मुहासे की समस्या को कम करना – चाय एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-फंगल, एंटी-ऑक्सीडेंट होने के कारण सूजन को कम करती है। चेहरे के मुहांसों को दूर करने के लिए ग्रीन टी बहुत फायदेमंद होता है। चेहरे से मुहांसे खत्म करने के लिए रात में सोने से पहले ग्रीन टी की पत्तियां चेहरे पर लगाएं। खुद को फिट रखने के लिए सुबह ग्रीन टी पिएं। इससे चेहरे पर प्राकृतिक चमक और सुंदरता बनी रहती है।

6- त्वचा की सुरक्षा – ग्रीन टी त्वचा  के लिए बेहद ही फायदेमंद होती है। इससे आपकी स्किन टाइट रहती है। इसमें बुढ़ापा रोकने के तत्व  भी होते हैं। ग्रीन टी में एंटी-ऑक्सीडेंट्स और एंटी-इन्फ्लामेंटरी एलिमेंट्स एक साथ होने की वजह से यह स्किन को प्रोटेक्ट करती है। ग्रीन टी से स्क्रब बनाने के लिए शकर , थोड़ा पानी और ग्रीन टी को अच्छे से मिलाएं। यह मिश्रण आपकी त्वचा  को पोषण करने के साथ-साथ मुलायम  बनाएगा और स्किन के हाइड्रेशन लेवल को भी बनाए रखेगा।

7- बालों के लिए फायदेमंद – चाय बालों के लिए भी एक अच्छे कंडिशनर का काम करती है। यह बालों को नेचुरल तरीके से नरिश करती है। चाय पत्ती को उबाल कर ठंडा होने पर बालों में लगाएं। इसके अलावा, आप रोज़मेरी और सेज हरा (मेडिकल हर्बल) के साथ ब्लैक टी को उबालकर रात भर रखें और अगले दिन बालों में लगाएं। चाय बालों के लिए कुदरती कंडिशनर है।

8- पैरों की दुर्गंध दूर करने के लिए – ग्रीन टी की महक स्ट्रॉन्ग और पावरफुल होती है। इसकी महक को आप पैरों की दुर्गंध दूर करने के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं। यूज़ की हुई चाय पत्ती को पानी में डाल दें और उसमें पैरों को 20 मिनट के लिए डालकर रखें। इससे चाय आपके पैरों के पसीने को सोख लेती है और दुर्गंध को खत्म करती है।

9- नव विवाहितों के लिए – ग्लोइंग स्किन, हेल्दी लाइफ के अलावा ग्रीन टी आपकी मैरिड लाइफ में भी महक बिखेरती है। ग्रीन टी में कैफीन, जिनसेंग (साउथ एशियन और अमेरिकी पौधा) और थियेनाइन (केमिकिल) होता है, जो आपके सेक्शुअल हार्मोन्स को बढ़ाता है। खासकर महिलाओं के लिए ये काफी सही है। इसलिए अगर आपको भी मैरिड लाइफ हैप्पी चाहिए तो रोज़ ग्रीन टी पिएं।

ग्रीन टी का सेवन कब ना करें

1 ग्रीन टी में मौजूद कैफीन व टॉनिक एसिड गर्भवती महिला और गर्भस्थ शिशु के लिए अच्छा नहीं होता। गर्भवस्था के दौरान इसका सेवन न करें।

2 बासी ग्रीन टी – लंबे समय तक ग्रीन टी रखे रहने से उसमें मौजूद विटामिन और उसके एटी-ऑक्सीडेंट गुण कम होने लगते हैं। इतना ही नहीं, एक सीमा के बाद इसमें बैक्टीरिया भी पलने लगते हैं। इसलिए एक घंटे से पहले बनी ग्रीन टी क़तई न पिएं।

3 खाली पेट नहीं – सुबह ख़ाली पेट ग्रीन टी पीने से एसिडिटी की शिकायत हो सकती है। इसके बजाय सुबह खाली पेट एक गिलास गुनगुना सौंफ का पानी पीने की आदत डालें। इससे पाचन सुधरेगा और शरीर के अपशिष्ट पदार्थ बाहर निकालने में मदद मिलेगी।

4 भोजन के तुरंत बाद – जल्दी वज़न घटाने के इच्छुक भोजन के तुरंत बाद ग्रीन टी पीते है, जबकि इससे पाचन और पोषक तत्वों के अवशोषण की प्रक्रिया प्रभावित होती है।

5 कैफीन के सेवन के बाद दिमाग़ सक्रिय होता है और नींद भाग जाती है। इसलिए देर रात या सोने से ठीक पहले ग्रीन टी का सेवन न करें।

6 दवाई के बाद नहीं – किसी भी तरह की दवा खाने के तुरंत बाद ग्रीन टी न पिएं।

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